रायपुर। छत्तीसगढ़ में भाजपा विधायक और पूर्व मंत्री अजय चंद्राकर का एक कथित वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल होने के बाद सियासी बयानबाजी तेज हो गई है। वीडियो में चंद्राकर किसानों के बीच एक अधिकारी को लेकर कथित तौर पर आपत्तिजनक भाषा का इस्तेमाल करते नजर आ रहे हैं। वहीं, कांग्रेस संचार विभाग के प्रमुख सुशील आनंद शुक्ला ने इस बयान को लेकर चंद्राकर पर निशाना साधा है और उन्हें एम्स जाकर स्वास्थ्य जांच कराने की सलाह दी है।
किसानों के बीच अधिकारी को लेकर की टिप्पणी
वायरल वीडियो में अजय चंद्राकर किसानों से बातचीत करते हुए नजर आ रहे हैं। बातचीत के दौरान धान की फसल के लिए बांध से पानी छोड़े जाने के मुद्दे पर अधिकारी को लेकर चर्चा होती है।
वीडियो में चंद्राकर कथित तौर पर कहते सुनाई दे रहे हैं कि संबंधित अधिकारी किसानों को ‘ग्रामीण नेतागिरी कर रहे हैं’ कहता है। इसी दौरान उन्होंने अधिकारी के खिलाफ आपत्तिजनक टिप्पणी करते हुए उसे गाड़ देने की बात कही।
हालांकि, सामने आए वीडियो की पूरी अवधि, संदर्भ और रिकॉर्डिंग की तारीख की स्वतंत्र पुष्टि उपलब्ध जानकारी से नहीं हो सकी है। ऐसे में वायरल वीडियो में कही गई बातों को संबंधित वीडियो और बयानों के संदर्भ में ही देखा जा रहा है।
कांग्रेस ने साधा निशाना
वायरल वीडियो को लेकर कांग्रेस संचार विभाग के प्रमुख सुशील आनंद शुक्ला ने अजय चंद्राकर पर पलटवार किया। उन्होंने आरोप लगाया कि चंद्राकर लगातार अभद्र भाषा का इस्तेमाल कर रहे हैं और भाजपा नेतृत्व को इस मामले का संज्ञान लेना चाहिए।
शुक्ला ने कहा कि अजय चंद्राकर को एम्स जाकर मानसिक स्वास्थ्य की जांच करानी चाहिए और कुछ समय आराम करना चाहिए। उन्होंने यह भी कहा कि वरिष्ठ नेताओं के सार्वजनिक बयानों का असर प्रदेश की राजनीतिक स्थिति पर पड़ता है।
चंद्राकर के पुराने बयानों पर भी विवाद
अजय चंद्राकर के बयानों को लेकर इससे पहले भी राजनीतिक विवाद सामने आते रहे हैं। सितंबर 2026 में उनके एक पुराने वीडियो को 15 अगस्त के स्वतंत्रता दिवस कार्यक्रम से जोड़कर सोशल मीडिया पर प्रसारित किए जाने का मामला सामने आया था। चंद्राकर ने इस मामले में कानूनी कार्रवाई शुरू की और दावा किया कि वीडियो मार्च 2026 के भाजपा प्रशिक्षण कार्यक्रम का था।
वहीं, हालिया वायरल वीडियो को लेकर कांग्रेस और भाजपा के बीच बयानबाजी शुरू हो गई है। फिलहाल संबंधित अधिकारी की ओर से इस कथित टिप्पणी पर कोई प्रतिक्रिया सामने आने की जानकारी नहीं है।
वायरल वीडियो को लेकर सवाल
राजनीतिक विवाद के बीच अब यह भी महत्वपूर्ण है कि वायरल वीडियो का पूरा संदर्भ क्या है और यह कब रिकॉर्ड किया गया था। वीडियो के आधार पर लगाए जा रहे राजनीतिक आरोपों की पुष्टि संबंधित पक्षों के आधिकारिक बयान और मूल वीडियो के संदर्भ से ही हो सकेगी।
फिलहाल अजय चंद्राकर के कथित बयान को लेकर कांग्रेस ने आपत्ति जताई है, जबकि मामले में भाजपा की ओर से आधिकारिक प्रतिक्रिया का इंतजार है।

