भोपाल। केंद्रीय कृषि मंत्री शिवराज सिंह चौहान ने कांग्रेस सांसद और लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी पर निशाना साधते हुए चुनावी हार को लेकर तंज कसा है। उन्होंने दावा किया कि राहुल गांधी के नेतृत्व में कांग्रेस 99 बार चुनाव हार चुकी है और अब हार का शतक पूरा करने की ओर बढ़ रही है। मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण (SIR) को लेकर कांग्रेस के विरोध पर भी शिवराज ने सवाल उठाए। उन्होंने तंज कसते हुए कहा कि राहुल गांधी के मन में लड्डू फूट रहा है।
राहुल गांधी की चुनावी हार को लेकर साधा निशाना
शिवराज सिंह चौहान ने राहुल गांधी के नेतृत्व में कांग्रेस के चुनावी प्रदर्शन पर सवाल उठाते हुए कहा कि पार्टी अब तक 99 बार हार का सामना कर चुकी है। उनके मुताबिक, कांग्रेस हार का शतक बनाने की ओर बढ़ रही है।
उन्होंने SIR से जुड़े राजनीतिक विवाद का जिक्र करते हुए भी कांग्रेस पर निशाना साधा। शिवराज का कहना था कि SIR से पहले भी कांग्रेस चुनाव हारी थी और बाद में भी उसे हार का सामना करना पड़ा। यह टिप्पणी कांग्रेस के चुनावी प्रदर्शन को लेकर उनके राजनीतिक हमले का हिस्सा रही।
SIR के विरोध पर कांग्रेस को घेरा
मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण यानी SIR के विरोध में कांग्रेस के अभियान पर प्रतिक्रिया देते हुए शिवराज सिंह चौहान ने इसे ‘लोकतंत्र बचाओ’ के बजाय ‘परिवार बचाओ’ यात्रा बताया। उन्होंने आरोप लगाया कि कांग्रेस मतदाता सूची को दुरुस्त करने के काम का भी विरोध कर रही है।
शिवराज ने सवाल उठाया कि यदि मतदाता सूची में गलत या दोहराए गए नाम हैं, तो उन्हें हटाने का विरोध क्यों किया जा रहा है। उनके बयान का मुख्य जोर मतदाता सूची की शुद्धता और कांग्रेस के विरोध के राजनीतिक औचित्य पर था।
‘राहुल जी के मन में लड्डू फूट रहा है’ कहकर कसा तंज
अपने बयान में शिवराज सिंह चौहान ने राहुल गांधी पर कटाक्ष करते हुए कहा कि उनके मन में लड्डू फूट रहा है। इस टिप्पणी के जरिए उन्होंने कांग्रेस के राजनीतिक अभियान और चुनावी प्रदर्शन पर सवाल उठाए।
शिवराज ने कांग्रेस के इतिहास का उल्लेख करते हुए महात्मा गांधी के उस सुझाव की भी चर्चा की, जिसमें स्वतंत्रता के बाद कांग्रेस को भंग करने की बात कही गई थी। उन्होंने दावा किया कि राहुल गांधी के नेतृत्व में कांग्रेस की स्थिति ऐसी दिशा में जा रही है, जहां पार्टी लगातार चुनावी हार का सामना कर रही है।
SIR और चुनावी प्रदर्शन पर सियासी बहस तेज
SIR को लेकर कांग्रेस और भाजपा के बीच राजनीतिक बयानबाजी जारी है। कांग्रेस जहां मतदाता सूची की समीक्षा प्रक्रिया पर सवाल उठा रही है, वहीं भाजपा के नेता इसे मतदाता सूची को दुरुस्त करने की जरूरी प्रक्रिया बताते हुए विपक्ष के विरोध की आलोचना कर रहे हैं।
शिवराज सिंह चौहान के ताजा बयान ने इस बहस में चुनावी हार और कांग्रेस नेतृत्व का मुद्दा भी जोड़ दिया है। उनके आरोप और दावे राजनीतिक बयान का हिस्सा हैं; कांग्रेस के चुनावी प्रदर्शन को लेकर दिए गए आंकड़े को स्वतंत्र रूप से सत्यापित तथ्य के बजाय शिवराज के दावे के रूप में ही देखा जाना चाहिए।

