रांची: झारखंड में राज्यसभा चुनाव के मतदान के बीच सियासी पारा अपने चरम पर पहुंच गया है। पिछले कुछ घंटों से राजनीतिक गलियारों में तैर रही ‘क्रॉस वोटिंग’ की अफवाहों और कयासों पर विराम लगाते हुए राष्ट्रीय जनता दल (RJD) ने बेहद आक्रामक रुख अपनाया है। पार्टी ने विपक्षी खेमे के दावों को सिरे से खारिज करते हुए एकजुटता का बड़ा संदेश दिया है।
- “गठबंधन के साथ चट्टान की तरह खड़ी है राजद” — भोला यादव
चुनाव के दौरान मची राजनीतिक हलचल के बीच राजद के राष्ट्रीय महासचिव भोला यादव मीडिया के सामने आए। उन्होंने पार्टी का पक्ष बेहद मजबूती से रखते हुए साफ किया कि राजद में किसी भी तरह की कोई फूट या नाराजगी नहीं है।
राजद द्वारा जारी आधिकारिक बयान की मुख्य बातें:
- चारों विधायक एकजुट: पार्टी ने दावा किया है कि राष्ट्रीय जनता दल के सभी चारों विधायकों ने एक साथ आकर मतदान प्रक्रिया में भाग लिया।
- इंडी (INDIA) ब्लॉक को वोट: राजद के सभी वोट ‘भारत ब्लॉक’ (INDIA Alliance) के संयुक्त उम्मीदवार के पक्ष में ही गए हैं।
- भ्रम फैलाने की कोशिश नाकाम: भोला यादव ने कहा कि विपक्ष द्वारा क्रॉस वोटिंग की जो अफवाहें उड़ाई जा रही थीं, वे पूरी तरह निराधार और हताशा का परिणाम हैं।
- क्या हैं झारखंड राज्यसभा चुनाव के मायने?
झारखंड की राजनीति के लिहाज से यह राज्यसभा चुनाव बेहद दिलचस्प और कांटे का माना जा रहा है। यहाँ एक-एक विधायक का वोट दोनों ही गठबंधनों के लिए निर्णायक है। ऐसे नाजुक वक्त में राजद का यह स्पष्ट और बड़ा दावा ‘भारत ब्लॉक’ के हौसलों को बढ़ाने वाला है, वहीं विपक्षी खेमे की रणनीतियों के लिए इसे एक बड़ा झटका माना जा रहा है।
फिलहाल, मतदान संपन्न होने के बाद अब सभी की नजरें मतों की गिनती और अंतिम नतीजों पर टिकी हैं, जो यह तय करेंगे कि झारखंड से दिल्ली के उच्च सदन (राज्यसभा) का टिकट किसे मिलता है।